अल्मोड़ा: उत्तराखंड डिप्लोमा इंजीनियर्स महासंघ द्वारा 27 सूत्री मांगों को लेकर चरणबद्ध आंदोलन किया जा रहा है। इसी क्रम में मंगलवार को जिला मुख्यालय में महासंघ के सभी घटक संगठनों से जुड़ें सदस्यों द्वारा संयुक्त रूप से बैठक कर मांगों को लेकर चर्चा की गई। इस दौरान जोरदार नारेबाजी कर सरकार व शासन को चेताने का काम किया। मांग पूरी होने तक संघर्ष जारी रखने और जरूरत पड़ने पर आर-पार की लड़ाई लड़ने का ऐलान किया।
शक्ति सदन में आयोजित बैठक में पीडब्ल्यूडी, सिंचाई विभाग, ग्रामीण निर्माण विभाग, कृषि, कृषि, आवास विकास, पेयजल निगम, जल संस्थान, जिला पंचायत, लघु सिंचाई, शहरी विकास विभाग, पीएमजीएसवाई, लघु डाल आदि विभागों के इंजीनियर्स ने हिस्सा लिया। इस दौरान वक्ताओं ने कहा कि महासंघ लंबे समय से 27 सूत्री मांगों को लेकर संघर्षरत है। कई बार महासंघ द्वारा मांगों को सरकार व शासन स्तर पर रखा जा चुका है। बावजूद इसके मांगों पर कोई सकारात्मक कार्यवाही नहीं हो पा रही है। जिससे सभी इंजीनियर्स आक्रोशित हैं।
वक्ताओं ने कहा कि आंदोलन के क्रम में 18 फरवरी को जिलाधिकारी के माध्यम से मुख्यमंत्री को ज्ञापन प्रेषित किया जाएगा और 23 फरवरी को देहरादून में सचिवालय तक विशाल रैली का आयोजन किया जाएगा। सभी इंजीनियर्स ने एकस्वर में कहा कि सरकार व शासन को मांगों पर कार्यवाही करनी होगी। ऐसा न होने पर महासंघ आंदोलन को तेज करेगा।
बैठक की अध्यक्षता जिलाध्यक्ष इं. गोविंद सिंह मेहरा तथा संचालन इं. ललित मोहन बिष्ट ने किया। यहां मंडलीय सचिव दीपक सिंह मटियाली, अजय टम्टा, हिमांशु जोशी, रिनी पांडे, सूरज सिंह रावत, शेखर पांडे, हितांशी नैलवाल, प्रफुल्ल जोशी, जीवेश वर्मा, मनीष कुमार, प्रकाश चंद, गणेश जोशी, धीरज जोशी, गिरीश, कुंदन बिष्ट, पंकज, वीरेंद्र सिंह मेहता, कमल पालीवाल, दीपक टम्टा समेत कई आदि लोग मौजूद रहे।
India Bharat News Latest Online Breaking News